मंगलवार, 19 दिसंबर 2023

SIP मे कम रिस्क में ज्यादा रिटर्न कहां पर मिलेगा, क्या आप को पता हैं




इस समय शेयर बाजार में झमाझम है। म्यूचुअल फंड इनवेस्टर से लेकर विदेशी निवेशक, सभी खुश हैं। वैसे भी म्यूचुअल फंड (एमएफ) के अधिकतर इनवेस्टर शेयर बाजार के इकोनोमिक्स को सही सही नहीं समझते हैं। तब भी वे बाजार की तेजी में हिस्सेदार बनते हैं। दरअसल, म्यूचुअल फंड निवेश बाजार की बात करें तो निवेशकों का प्राथमिक लक्ष्य अपने निवेश पर बेहतर रिटर्न हासिल करना है। लेकिन कुछ बातों पर ध्यान रखें तो वे म्चूचुअल फंड से भी अच्छी कमाई कर सकते हैं।



शेयर बाजार के कहा जाता है कि यहां कोई भी निवेश बिना जोखिम वाला नहीं है। लेकिन म्यूचुअल फंड का बैलेंस्ड एडवांटेज फंड रिस्क को प्रभावी ढंग से मैनेज करते हुए अपने रिटर्न को अधिकतम करने का लक्ष्य रखने वालों के लिए एक बेहतर विकल्प प्रदान करता हैं। इससे म्‍यूचुअल फंड निवेशकों के लिए एक आदर्श विकल्प बनाता है। इस बारे में हमें बता रहे हैं बड़ौदा बीएनपी पारिबा म्यूचुअल फंड के सीईओ-इक्विटी, संजय चावला। 


हमारे YouTube, WHATSAPP और टेलीग्राम ग्रुप से जुड़ें 


YouTube  Subscribre now 👈यहाँ क्लिक करें 


टेलीग्राम ग्रुप    Join now   👈यहाँ क्लिक करें 


व्हाट्सअप ग्रुप   Follow    👈यहाँ क्लिक करें 



आम निवेशक के लिए क्या है बेहतर विकल्प


संजय चावला का कहना है कि अगर आप ऐसे निवेश की तलाश कर रहे हैं जो कम जोखिम मे बेहतर रिटर्न की संभावना प्रदान करता है, तो बैलेंस्ड एडवांटेज फंड आपके लिए बेहतर विकल्प है और इसके अलावा किसी और विकल्प के बारे में विचार न करें। बैलेंस्ड एडवांटेज फंड निवेश का एक ऐसा जरिया है, जिसमें जोखिमों को प्रभावी ढंग से मैनेज करते हुए बेहतर रिटर्न देने की क्षमता होती है।


कम जोखिम और हाई रिटर्न 


बैलेंस्ड एडवांटेज फंड रिस्क और रिवार्ड के बीच एक संतुलन हासिल करने के लिए सबसे अच्छा होता हैं। ये फंड इक्विटी और डेफ्ट दोनों में निवेश करते हैं। ये फंड डेफ्ट विकल्‍पों में निवेश के माध्यम से स्थिरता प्रदान करते हैं, जबकि इक्विटी में निवेश के जरिए पूंजी में बढ़ोतरी की क्षमता प्रदान करता हैं। यही संतुलन बाजार की अस्थिरता के प्रभाव को कम करते हुए मजबूत रिटर्न प्राप्त करने का बेहतर तरीका है

 

डाइवर्सिफिकेशन को आसान बनाया गया 


डाइवर्सिफिकेशन हासिल करना कठिन हो सकता है, लेकिन बैलेंस्ड एडवांटेज फंड इस प्रक्रिया को आसान बनाता हैं। इस फंडों में निवेश के जरिए आपका पोर्टफोलियो डायवर्सिफाइड हो जाता है, क्योंकि ये अलग अलग एसेट क्लास में निवेश करते हैं। इससे न सिर्फ जोखिम कम करने में मदद मिलती है, बल्कि कई सेक्टर का लाभ उठाकर सर्वश्रेष्ठ रिटर्न की संभावना भी बढ़ जाती है।



Disclaimer : यह आर्टिकल रिसर्च और जानकारियों के आधार पर बनाया गया है, हमारे द्वारा किसी भी प्रकार की फाइनेंसियल एडवाइज नहीं दी जाती अगर आप निवेश करना चाहते हैं तब सबसे पहले अपने फाइनेंशियल एडवाइजर से सलाह लें

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें